परिंदे शुक्रगुजार हैं पतझड़ के भी दोस्तो……

तिनके कहां से लाते, अगर सदा बहार रहती..!!

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yaado ki farfaish

Posted December 27, 2017 By admin

यादों की फरमाइश भी कमाल की होती है…
सजदा वही होता है जहाँ दिल हार जाता हैं

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jo kartey hai mehnat

Posted December 27, 2017 By admin

पसीने की स्हायी से लिखे पन्ने कभी कोरे नहीं होते
जो करते है मेहनत दर मेहनत उनके सपने कभी अधूरे नहीं होते..

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ishq

Posted December 26, 2017 By admin

कभी रज़ामंदी तो कभी बग़ावत है इश्क
प्रेम राधा का, तो मीरा की भक्ति है इश्क

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kuch bachai

Posted December 25, 2017 By admin

हर त्यौहार कुछ न कुछ बेचते नजर आते हैं……

कुछ बच्चों के “बड़े दिन” सिग्नल पे गुजर जाते हैं

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Aazaad Khuwaais

Posted December 24, 2017 By admin

अपने लबों से भी तो कभी आज़ाद कर ख्वाहिशें अपनी.
जरा मुझे भी तो मालूम हो मेरी तलब तुझे किस हद तक है

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dono ne chod di fikrr

Posted December 22, 2017 By admin

दोनों ने ही छोड़ दी फ़िक्र,
उसने मेरी, मैनें ख़ुद की…!

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