dera sacha sauda ultimate shayari

Posted September 27, 2017 By admin

आओ कभी हमारे दिल के डेरे पर,,
तुमसे मुहब्बत का सच्चासौदा करना है.

Be the first to comment
   

छोटा सा गाँव मेरा पूरा बिग बाजार था
एक नाई, एक मोची, एक काला लुहार था

छोटे छोटे घर थे, हर आदमी बङा दिलदार था
कही भी रोटी खा लेते, हर घर मे भोजऩ तैयार था

बाड़ी की सब्जी मजे से खाते थे जिसके आगे शाही पनीर बेकार था
दो मिऩट की मैगी ना, झटपट दलिया तैयार था

नीम की निम्बोली और शहतुत सदाबहार था
छोटा सा गाँव मेरा पूरा बिग बाजार था

अपना घड़ा कस के बजा लेते
समारू पूरा संगीतकार था

मुल्तानी माटी से तालाब में नहा लेते, साबुन और स्विमिंग पूल बेकार था
और फिर कबड्डी खेल लेते, हमे कहाँ क्रिकेट का खुमार था

दादी की कहानी सुन लेते,कहाँ टेलीविज़न और अखबार था
भाई -भाई को देख के खुश था, सभी लोगों मे बहुत प्यार था

छोटा सा गाँव मेरा पूरा बिग बाजार था

Be the first to comment
   

वो एक शक़्स मुझे अपने क़रीब लगता है
खुद से करूँ जुदा तो अजीब लगता है

ये बेक़रारी, ये बेचैनी, ये कशिश कैसी
उसका मिलना मुझे अपना नसीब लगता है

कभी मीठी सी बातें, कभी हर बात पे झगड़े
ये याराना बड़ा दिलचस्प, बे-तरतीब लगता है

मोहब्बत की मंज़िल का पता न मिल सके फिर भी
कई सदियों का रिश्ता ये मेरे हबीब लगता है

उसके होने से जो सज जाती थी महफ़िलें
उसके बग़ैर ये शहर बड़ा गरीब लगता है

Be the first to comment
   

अब किसी और के वास्ते ही सही,,
पर अदाए उनकी आज भी वैसी ही हैं…

Be the first to comment
   

निशब्द हूँ मैं.

Posted September 14, 2017 By admin

वो कहते हैं छोटे कपडे पहनती हैं इसलिए रेप होते है…

वो माँ बिलख उठी ……..पांच साल की बच्ची को साड़ी कैसे पहनाऊं …?

Be the first to comment
   

ख़्याल कितना है.

Posted September 9, 2017 By admin

एक परवाह ही बताती है कि*
ख़्याल कितना है..!!*

वरना कोई तराजू नहीं होता*
रिश्तो में…!!!*

Be the first to comment
   

हर रोज़ चुपके से निकल आते है नये पत्ते,
यादों के दरख्तों मे मैने कभी पतझड़ नहीं देखा…!

Be the first to comment
   

Ristey Hindi Shayari

Posted September 5, 2017 By admin

रिश्ते जोर से नहीं., तमीज़ से थामे जाते है.

Be the first to comment
   

एक बार और उलझना हैं तुमसे … बहुत कुछ सुलझाने के लिये..

Be the first to comment
   

Deep Thoughts

Posted September 5, 2017 By admin

शुक्र है कि मौत सबको आती है,वरना अमीर तो इस बात का भी मजाक उड़ाते,कि गरीब था इसलिए मर गया .

Be the first to comment